Home Hindi सुख – दूख क्या है

सुख – दूख क्या है

‘नानक दुखिया सब संसार’ है यह उदगार गुरुनानक देव के जिन्होंने संसार को दूख स्वरूप बताया | प्रत्यके व्यक्ति को अपना दूख दुसरे के दूख से अधिल लगता है लोग एक दुसरे के दूख से दुखी होने की अपेक्षा दुसरे के दूख में भी आनंद लेते है | अत: दूख कम होने की अपेक्षा बढ़ जाता है |

जब दूख बढ़ जाता तभी इशवर याद आता है संत कबीर जी ने भी कहा है :-

दूख में सुमिरन सब करे, सुख में करे न कोय |

जो सुख में सुमिरन करे, तो दूख काहे को होय |

इस प्रकार संत ने दूख को अच्छा बताया है | वास्तव में सुख – दूख मन का विकार है | अनुकूल परिस्थितियों में सुख का अनुभव तथा प्रतिकूल परिस्थिति में दूख का अनुभव करता है | यह दूख सुख मनुष्य की बुधि व मन की उपज है |

भगवान श्री कृष्ण ने भी गीता के द्वितीय अध्याय के ३५ वे श्लोक में कहा है –

सुखदु:ख समे क्रत्वा लाभालाभौ  जयाजयौ|

ततो युद्धाय युज्यरव नैवं पापमवापरूसि||

अर्थात है  अर्जुन सुख-दूख व जय-पराजय को समान मानकर कर्तव्य समझ कर युद्ध कर तुझे पाप नहीं लगेगा |

‘जीतन्हार उपलब्धी हानी | सुख दूख समझो एक समानी’’||

पुन: युद्ध की तेयारी | प् लगे नहीं होते सवारी||

किसी माँ को खबर मिली की उसकी उसके लडके का एक्सिडेंट हो गया | उसे भारी दूख हुआ और भागी भागी घटना स्थल पर गई वहा पता लगा की उस दुर्घटना में उसका लड़का नहीं किसी और का है उसका दूख ख़तम हो गया|

इस प्रकार जहाँ मनुष्य का अपनापन जुड़ जाता है उसे उसी प्रकार की अनुभूति होने लगती है | जिसने इस बात को समझ लिया की दुनिया में क्या साथ लाए थे क्या लेकर जायेगे | खाली हाथ आये और हाथ पसारे जाएगे | इशवर अंत में सब वापस ले लेता है शेष रहा जाता है तो पाप पुण्य मात्र |

इसी प्रकार हमारे शास्त्रों में माता कुंती का उदाहरण आता है कि जब महाभारत के बाद भगवान कृष्ण द्वारका जाने लगे तो श्री कृष्ण ने कहा बुआ में द्वारका जा रहा हू तुम्हारी कुछ इच्छा हो तो मांगो तो माता कुंती का उतर था यो तो आपने सब कुछ दिया है परंतु यदि देना है तो तुम मुझे दूख का वरदान दो, भगवान कृष्ण हसे, कहा बुआ दूख क्यों मांग रही है? माता ने कहा जब-जब हमपर दूख आया, आपको याद किया और आप ने आकर तुरंत सहायता कि है |

दूख में ही प्रभु याद आते है सुख में नहीं | अत: सुख दूख को समान मन कर चलोगे तो आप लोग को कभी दूख आयगा ही नहीं |

लेखक: प्रेम विनय श्री

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Check Also

भारत में शीर्ष 10 शैम्पू ब्रांड की सूचि

क्या आप भी उन लोगों में से हैं जो बालों की समस्याओं से पीड़ित हैं? या .. क्या आप भी प्रदुष…